Happy new year 2020.इस तरह मनाए नया साल और बदलें अपनें किस्मत कें हाल।अगर यह तरिकें अपनाते हो तो जिंदगी सच में लाजवाब होगी।
दोस्तों, आप सभी को नया साल मुबारक हो।नया साल आपको और आपके अपनों को बहुतही खुशहाल भरा और संपन्न जाए।आइये हम प्रतिग्या करते है की नया साल हमारे साथ साथ दुनिया कें सभी लोगों को अच्छा और संपन्न जाए।हर किसी के सपनें पुरे हो।हर किसी को अपनी मंजिल मिलें।भगवान हर किसी को अपनी परिस्थिती बदलने की ताकत और उम्मीद दें।यह मेरे तरफ सें मै भगवान सें प्रार्थना करता हुँ। Wish you Happy new year,2020 to all.
दोस्तों, हम सब नया साल का बेसबरी सें इंतजार कर रहै है।और कुछ चंद दिनों में ही नये साल का खुबसुरतसा सवेरां उगनेवाला है और यह नये साल का खुबसुरतसा सुरज हमारें जिंदगी में काफी रोशनी लेकर आ रहा है।पर क्या इस सुरज के साथ साथ क्या हमारीं भी जिम्मेवारी है की हम इस नये साल को और खुबसुरतसा बनाएं।
हाँ..बिलकुल हमारी बहुत सारी जिम्मेदारीयाँ है अगर हम अपना आनेवाला कल बदलना चाहते है तो।दोस्तों हर साल एक नया साल आता है और चला जाता है।हम इसकी ओर उतनी गंभीरतापुर्वक अटेन्शन देते भी नहीं है और वह नया साल आकर चला भी जाता है इसका हमें पता भी नहीं चलता है।बहोत लोगो का साल इस तरह आकर चला जाता है।हमें पुरा एक साल मिलता है।उस एक साल मेंं पुरे बारा महीने मिलते है और तीनसों पैसठ दिन होते है।याने की एक बहोत बडा समय भगवान हमारे खातें में डाल देता है।और इसका हमे पता भी नहीं होता है।कुछ लोग इसे काफी गंभिरतापुर्वक लेते है तो कुछ इस भगवान कें दिए हूए महान भेट को ऐसें ही गवाँ देते है।हम अपनी जिंदगी सें उम्मीदें तो रखते है पर उसके साथ आनेवाली जिम्मेदारीयों को भुल जाते है।आखीर क्या जिम्मेदारीयाँ है हमारी अपनी जिंदगी बेहत्तर बनानें के लिए।
नया साल हमारी किस्मत और हमारी जिम्मेदारीयाँ।
१.करिअर,भविष्य और जिम्मेदारीयाँ।
२.रिश्तें और जिम्मेदारीयाँ।
३.प्रेमविवाह,मित्रता और जिम्मेदारीयाँ।
दोस्तों हमारे जिंदगी में यह तीन चीजें बहुतही महत्वपुर्ण है।वैसे तो और भी कुछ चीजें महत्वपुर्ण है पर यह तीन चीजें जादा महत्वपुर्ण है।इसके सिवा हमारें जिंदगी में और कुछ भी महत्वपुर्ण नहीं है।यह तीन चीजें बहुतही महत्वपुर्ण और मुलभूत है।
पर क्या हम नये साल को लेकर इन तीन चीजों के बारे में सिरीयस है?...हा है पर हम सिर्फ उम्मीद लगाए बैठे है और कुछ भी नहीं।मै आपको थोडा स्पष्ट रुप सें और बहुतही कडवी बातों में बता रहा हुँ पर इस कडवे ग्यान में ही अपनी किस्मत बदलनें की पुरी ताकत होती है।हमे मिठा बहुतही पसंद होता है चाहे फिर वह खानें में हो या सुनने में या फिर पढनें में हो।पर मिठी बात हमारी किस्मत नहीं बदल सकती है।यही जिंदगी का कडवा सच है।इसलिए हमें यह कडवा ग्यान सही समय पर लेना चाहीए ताकी इससे हम अपनी किस्मत बदल सकतें है।
हम नये साल का बहुतही अपने दिल सें स्वागत करते है।हम पार्टीयाँ करते है।जश्न मनाते है।नाचते है,बाहर घुमनें की प्लानिंग करते है।ड्रिंक करते है नशापान करते है।धेड सारा पैसा खर्च करते है।जो पैसा हमनें कमाया भी नहीं होता।वह पैसा हम अपने माता पिता की मेहनत का पैसा एक ही दिन में उडाते है जिसे कमाने के लिए हमारें माँ बाप ने पुरा साल दिन और रात एक करके कमाया होता है।क्या हम यह सही कर रहे है?
नहीं हम यह बिलकुल भी सही नहीं कर रहै है।यह पढकर बहोत सारे लोगों को ऐसा लग रहा होगा की क्या हम नये साल को अपने तरिकेसें शान शौक सें नहीं मना सकते है और इसमें क्या बुराईयाँ है? दोस्तों इसमें बुराई कुछ भी नहीं है।पर इस एन्जॉयमेंट के साथ साथ हमारा एक और दायित्व बनता है की हम इसके साथ साथ कुछ जिम्मेदारीयाँ भी उठाये।और यह जिम्मेदारीयाँ दुसरों की जिंदगी बनानें के लिए नहीं बल्कि अपनी खुद की जिदंगी बनाने के लिए।अपने आनेवाले कल के लिए।अपने माता पिता के लिए।अपने बिवी बच्चों के लिए।
१.करिअर,भविष्य और हमारीं जिम्मेदारीयाँ:
दोस्तों हर बाराहँ महीनें के बाद नया साल आता है।यह नया साल एक बहुतही बडी अपार्च्युनिटी होती है।इसमे हमें पुरे बाराहँ महीनें और तीनसों पैसठ दिन मिलते है।यह हमारे उपर निर्भर करता है की इस एक साल के बेहतरिन समय का हमारीं अच्छी जिंदगी बनानें के लिए सदुपयोग करना है या दुरूपयोग करना है।अगर हम सच में हमारीं जिंदगी पिछले साल सें बेहतरिन बनाना चाहते है तो इसे बहुतही गंभिरतापुर्वक तरिकेसें लेना चाहीए।
अगर हम एक छात्र है तो हमारी क्या जिम्मेदारीयाँ है:
एक छात्र चाहे वह कौनसी भी फिल्ड का हो।अगर वह छात्र अपने जिंदगी को लेकर सिरीयस है तो उसे इस नये साल में अपना ध्येय Goal, Object, Target,Aim पक्का Final है।अगर किसी ने पहले सें ही अपनी मंजील तय कर चुुुुकी हे तो ऐसेें छात्र को अपने बनाएँ टारगेट को काफी सिरीयस बनना है और उस बनाए टारगेेेट तक पहुंचनें के लिए एक बेेेहतरीन प्लॅन बनाना है। मतलब एक आगे जाने की सिडी बनानी हैैं। और उसपर हर हाल में पहुंचना है।चाहे अपनी नीजी जिंदगी में कितनी भी रूकावटे आए फिर भी अपने बनाए रास्ते पर चलना ही चलना है।छात्रों को हर साल का अवलोकन करना चाहीए।जैसें जंगल में शेर जब कुछ अंतर काटता है तो वह आगे जाकर थोडा रूकता है और अपने पिछे देखता है।वह शेर सोचता है की,मै तो आगे आगे चल रहा हुँ पर मैने अबतक कितना अंतर काट लिया है।और इस अंतर में कोई रूकावटे तो नहीं आयी।इसके साथ शेर यह भी सोचता है की मै आगे निकल जा रहा हुँ पर मेरा कोई पिच्छा तो नहीं कर रहा है।कोई जानवर या कोई शिकारी मेरा पिछा तो नहीं कर रहा है।इस तरह शेर अपना खुदका अवलोकन करता है।
ठिक वैसे ही हर एक छात्रों को अपना खुदका और अपने अध्ययन का अवलोकन करना चाहीए।यह अवलोकन करते वक्त यह करना है की पिछलें साल हम कहाँ थे? पिछलें साल में हम किन किन विषयों में पिछे थे और आज के तारिख में कौनसे विषय में पिछडें है?पहले यह अवलोकन करना चाहीए।उसके बाल अपना वैयक्तिक अवलोकन करना है।मतलब हमारे अंदर कौनसी शक्तियाँ है।उसके साथ हमें यह भी देखना चाहीए की हमारी कमजोरीयाँ क्या क्या है?इस तरह सें खुदका अवलोकन करना है।यह अवलोकन बहुतही महत्वपुर्ण है।अगर हम यह अवलोकन नहीं करते है तो हम अपनी जिंदगी में कभी भी अपना मकसद या अपनी मंजील हासील नहीं कर सकतें।यह बहुतही महत्वपुर्ण और प्राथमिक चीज है।और आश्चर्य की बात यह है की यह बात इतनी महत्वपूर्ण होने के बावजूद भी हमें आजतक यह पता नहीं है।
SWOT Analysis:
यह संकल्पना बहुतही महत्वपूर्ण और प्राथमिक है।चाहे हम एक छात्रं है या कोई एक सरकारी नोकरी या कोई एक बिझिनेसमेन या कोई एक आम इन्सान।हम चाहे कोई भी हो पर यह खुदकी परिक्षा हमें देनी ही चाहीए।यह परिक्षा मतलब एक स्वंय अवलोकन।इस अवलोकन में हमें हमारी शक्तियाँ और हमारे कमजोर बातें पता लगानी है।और पता लगने के बाद इसे कबुल करना चाहीए।और उसके बाद जो हमारें मजबूत और शक्तियाँ है उसे और बढाना है और जो कमजोर बातें हमारें अंदर हमनें खुद देखे है उसे विचार विमर्श करके उसे और जादा डिवेलप बनाना है।
दोस्तों यह अवलोकन करना बहुतही महत्वपुर्ण है।और ऐसा हो नहीं सकता की,हमारी अंदर कोई कमजोरीयाँ हो नहीं सकती ऐसा हो ही नहीं सकता है।हमारे अंदर जिस तरह कुछ अच्छी बातें या कुछ शक्तियाँ होती है ठिक उसी तरह कमजोरीयाँ भी होती है।अगर हम जिंदगी में कुछ करना चाहते है तो यह अवलोकन हमें करना ही होगा।तो यह थी छात्रों के लिए बात।
२.रिश्ते और हमारी जिम्मेदारीयाँ:
इस नववर्ष में हम अपने अपनों के बारे में कुछ खास निर्णय ले सकते है।ताकी हम अपनें रिश्ते और जादा बेहतरिन बनाए।अगर हम अपनें रिश्ते निभाते वक्त कुछ जाने-अनजानें में गलतीयाँ करते है तो वह कौनसी गलतीयाँ है जो हमनें कियी है।जिसकी वजह सें हमारें रिश्तों में काफी दरारें आयी है।इस बात पर हमें अवलोकन या विचार मंथन करना है।हमनें रिश्ते निभाते वक्त अपने स्वार्थ के लिए कभी किसीसें कोई गलत बात तो नहीं कियी।हमारे वजह सें किसी का दिल तो नहीं दुखा है और महत्वपूर्ण बात जो आजकल के रिश्तों में काफी देखनें को मिल रही है और वह है 'इगो' यह एक ऐसा शब्द है जो दिखनें में तो सिर्फ दो लब्जों का है पर यह हमारे जिंदगी भर के रिश्ते तोड मरोडकें रख देता है।
इगो,गर्व,अहंकार, इर्षा यह वह जहर है जो अच्छे अच्छे रिश्तों को अंदर सें खोकला कर देता है।इसकी वजह सें हमारे रिश्ते काफी खराब होते है।यह बहुतही साधारण शब्द हो गया है यु कहे यह वे शब्द है जो हमारे जिंदगीभर के रिश्ते समाप्त कर देते है।तो इस अवगुणों की वजह आजतक हमारें कितनें रिश्ते खराब हो गये है।इस बात पर हमें गंभीरतापुर्वक तरिकेसें सोचना है।और वह गलतीया जो हमनें आजतक दोहरायी है वह इस नये साल में प्रवेश करते वक्त उसको पिछे ही छोड देना है।उसे लेकर हमें नये साल में प्रवेश नहीं करना है।अगर हम अपने अनमोल रिश्ते बचाना चाहते है और दुसरें रिश्ते भी बनाना चाहते है तो हमे इस नये साल को लेकर काफी गंभीरता सें लेना है।अगर हम यह नहीं करते है तो हमे वही मिलेगा जो आजतक मिलता आया है।
३.प्रेम,प्रेमविवाह, मित्रता और हमारी जिम्मेदारीयाँ:
दोस्तों जिस तरह हम नये साल में और भी कुछ बातों को लेकर काफी उत्साहीत रहते है ठिक उसी तरह हमें अपनें प्रेम, मित्रता और विवाह कें बारे में भी बहुतही सजग और सावध रहना है ताकी हमारी किसी भी गलती की वजह सें यह हमसें दुर नहीं हो सके।हमारी जिंदगी में प्यार, मित्रता सबकुछ बहुतही महत्वपूर्ण है।हम प्यार के बगैर जी नहीं सकते।और मित्रता तो शरीर का आत्मा होती है।हम जब इतिहास पढते है तो बहुतही बडे बडे उदाहरण हम अपने इर्दगिर्द देखते है,किताबों में देखते है,पढते है।जैसे इतिहास में भगवान श्रीकृष्ण और सुदामा की ऐतिहासिक मित्रता।यह एक जगद्विख्यात उदाहरण है।हमे इससे सबक लेना चाहीए की आखीर उनकी मित्रता इतनी क्यों अमर हो गयी?
क्या खास गुण थे उनमें जिसकी वजह सें उनकी मित्रता एक आदर्श निर्माण कर गयी? तो इसका जवाब में अगर देना चाहु तो एक ही शब्द में मै देना चाहता हुँ और वह जवाब है-निस्वार्थता:हा..निस्वार्थता यह एक ऐसा गुण है जो हमें बेहतरिन से और जादा बेहतरिन बनाता है।इसलिए यह गुण बहुतही कारगर और महत्वपुर्ण साबीत हो चुका है।
पर आजकल के रिश्तों में खासकर के मित्रता में हम रोज देखतें है की बगैर स्वार्थ आजकल कोई मित्रता ही नजर नहीं आती है।अगर कुछ स्वार्थ है तो ही मित्रता है नहीं तो कुछ भी नहीं।मित्रता तो वह पवित्र रिश्ता है जो हर एक रिश्तों से जरा भी कम नहीं है।पर इस महान और श्रेष्ठ रिश्तों को भी हमनें अपने निजी स्वार्थ के लिए कलंकित कर दिया है।
तो दोस्तों आईए इस नये साल में हम यह संकल्प करते है की यह तीन प्राथमिक बातें जो हमारें जिंदगी के लिज बहुतही महत्वपूर्ण है इसे समझकर और इसका अच्छे सें अवलोकन करकें बुरी आदते छोडकर अच्छी आदतों के साथ हमे आनेवाले नये साल में प्रवेश करना है और अपनी जिंदगी बेहत्तर से लेकर बेहतरिन करना है।
आप सब को फिर सें नये साल की हार्दिक शुभकामनाएँ देते है।यह नया साल आपको और आपके परिवार और अपने अपनों का बहुतही सुखमय और स्वास्थपुर्ण जाए।और आपके हर सपनें पुरे हो। Happy New Year,2020
Superb and very useful article
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